हल्द्वानी: नैनीताल जिले के हल्द्वानी कोतवाली क्षेत्र स्थित जगदम्बा नगर में गड्ढे के कारण मासूम की मौत के बाद प्रशासनिक अमला नींद से जागा है. मंगलवार को कुमाऊं कमिश्नर ने मौके का मुआयना किया. उन्होंने कार्यदाई संस्था के अधिकारियों के पेंच भी कसे. उन्होंने कहा कि अब समीक्षा बैठक कार्यालय में नहीं, बल्कि मौके पर की जाएगी.
मासूम की मौत के बाद जागा प्रशासन
हल्द्वानी में जब तक कोई दुर्घटना ना हो, तब तक प्रशासन नींद से नहीं जागता. ऐसा ही सोमवार देर रात हुआ जब 13 वर्षीय मासूम की मुखानी रोड पर सड़क के गड्ढे के कारण मौत हो गई. इसके बाद मंगलवार को कुमाऊं कमिश्नर दीपक रावत टीम सहित मौके पर स्थलीय निरीक्षण करने पहुंचे. यूयूएसडीए (Uttarakhand Urban Sector Development Agency) और एडीबी (Asian Development Bank) द्वारा चल रहे सीवर, पेयजल और सड़क निर्माण कार्यों की हकीकत मौके पर जाकर देखी.
कुमाऊं कमिश्नर ने हादसा स्थल का किया निरीक्षण
कमिश्नर ने निरीक्षण के दौरान सड़कों की बदहाली और अधूरे पड़े कार्यों को देखकर नाराजगी जताई. उन्होंने अधिकारियों को दो टूक में कहा कि तय समय सीमा के भीतर कार्य पूरा नहीं हुआ, तो जिम्मेदार अधिकारियों और ठेकेदारों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी. उन्होंने एडीबी के प्रोजेक्ट मैनेजर को तत्काल निर्देश दिए कि जिन मार्गों को खोदा गया है, उन्हें तुरंत बहाल किया जाए.
साइन बोर्ड नहीं मिलने पर अफसरों को फटकार लगी
लापरवाह ठेकेदारों पर लगेगी पेनल्टी
घोर लापरवाही पर कुमाऊं मंडल आयुक्त दीपक रावत ने एडीबी प्रोजेक्ट मैनेजर को निर्देश दिए कि संबंधित ठेकेदारों पर नियमों के तहत पेनाल्टी लगाई जाए. आयुक्त ने सख्त लहजे में कहा कि अब बैठकों का दौर कार्यालयों में नहीं, बल्कि उन्हीं क्षेत्रों में होगा, जहां काम अधूरा पड़ा है.
अमरावती मुख्य मार्ग से अतिक्रमण हटाने का निर्देश
अमरावती मुख्य मार्ग पर सड़क किनारे लगे ठेलों को लेकर भी कुमाऊं कमिश्नर ने नगर निगम के अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि तत्काल अतिक्रमण हटाया जाए, ताकि यातायात बाधित न हो और दुर्घटनाओं पर रोक लगाई जा सके. उन्होंने सड़क दुर्घटना में हुई किशोर की मौत मामले में पीड़ित परिवार से मुलाकात कर संवेदना व्यक्त की और हर संभव सहायता दिलाने का भरोसा दिलाया.
